शनिवार, 11 जुलाई 2009

एक अनुरोध अपनों से

साथियों ,

आज कल इलाहबाद अपना हिंसा का छेत्र बनता जा रहा है जो की ग़लत है ,कभी इस जगह की पहचान

शिक्षा के केन्द्र के रूप में की जाती थी / पर हमें दुःख है अब ऐशा नही है /आज इलाहबाद में माफिया से लेकर आतंकी तक आ चुके है जो की यहाँ के लिए ग़लत है /अभी हॉल में लवायन गाव में हुए हत्या कांड ने दिल को काफी तकलीफ पहुचाई / हमारे लोगो को हो क्या गया है आख़िर हम क्यो एक दुसरे का खून

बहा रहे है /क्या हम प्यार के साथ नही रह सकते / कवियों का ये छेत्र क्या गोली का केन्द्र बन जाएगा ?

साथियों समय है हमें एक होने का विकाश के पथ पर चलने का प्यार का प्रतिबिम्ब बनने का

विकसित इलाहबाद ,समुचित इलाहबाद ,शिक्षित इलाहबाद बनाने का

क्यो की अपना इलाहबाद अभी भी विकास को तरस रहा है आवो हम मिलकर एक नया इलाहबाद बनाये

जहा प्यार हो , सम्मान हो , संस्कार हो ,श्रद्धा हो, सेवा हो ,सुख हो ,साधन हो ,



राहुल मिश्रा

संयोजक

भारतीय एकता संगठन परिवार



सभी से गुजारिश है कृपया इसे एक बार दिल से पढ़े /

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